सरकार किसानों कि आमदनी में वृध्दि के लिए समय समय पर स्किमें लाती रहती है. ऐसे में हाल हीं मे यूपी सरकार ने किसानों के लिए एक नई पहल शुरु की है. इस पहल में सरकार केले की खेती को बढ़ावा देने के लिए प्रति हेक्टेयर 40000 रुपये की सब्सिडी दे रही है. आपको बता दें कि केला एक ऐसा फल है जिसकी डिमांड सालो भर बनी रहती है. खाने से लेकर पर्व त्योहारों और कई महत्वपूर्ण अनुष्ठानों में इसका प्रयोग किया जाता है. ऐसे में जो किसान केले की खेती करना चाहते हैं या फिर जिनकी रुचि केले की खेती में उनके लिए जरुरी है की वे केले की खेती के तकनीक को समझें साथ ही सरकारी सहायता की भी पूरी जानकारी ले लें.
ऐसे करें केले की खेती की शुरुआत-
केले की खेती के लिए जो सबसे पहले हम खेत को तैयार करते हैं. खेती शुरु करने से पहले खेत की अच्छे तरीके से जुताई करते हैं. खेत को 4-5 बार जोतकर भुरभुरा बनाते हैं. इसके बाद क्यारियां तैयार करते हैं. उपज अच्छा होने के लिए लाइनों के बीच 1.5 से 2 मीटर की दूरी और पौधों के बीच 0.90 से 1.20 मीटर की दूरी बना कर रखना चाहिए. आपको बता दें कि केले की रोपाई के लिए सबसे उपयुक्त समय जून-जूलाई का महीना होता है. हालांकि अगर सिचांई की सुविधा बेहतर हो तो केले की रोपाई फरवरी-मार्च में भी की जा सकती है. जहां तक मिट्टी की सवाल है केले की खेती के लिए सबसे बेस्ट दोमट मिट्टी मानी जाती है, जिसाका पीएच मान 6 से 7.5 के बीच होना चाहिए.
सरकारी लाभ के लिए करना होगा पंजीकरण-
सरकार ने किसानों के आय में वृध्दि के लिए केले की खेती पर सब्सिडी देने का ऐलान किया है. सरकार की इस पहल से किसान वर्ग में काफी उत्साह. आपको बता दें कि सरकार ने केले की खेती कर रहे किसान को 40,000 रुपये प्रति हेक्टेयर सब्सिडी के रुप में देने की घोषणा की है. सरकार का मानना है कि इस पहल का लाभ उठाकर किसान अपनी आय में वृध्दि कर सकते हैं और अपने और अपने परिवार का बेहतर भविष्य बना सकते हैं. ऐसे में जो किसान इस पहल का लाभ उठाना चाहते हैं तो उनको उद्यान विभाग में जल्द से जल्द रजिस्ट्रेशन करा लें.