मोहनगंज पुरानी बाजार की मुख्य सड़क पिछले कई वर्षों से नाले के पानी और अतिक्रमण की मार झेल रही है. यह जानकारी खबर वाटिका के ग्राउंड रिपोर्टर रंधीर सिंह द्वारा दी गई है. घरों के नाले का गंदा पानी लगातार सड़क पर गिरने से यह रास्ता पूरी तरह खराब हो चुका है. इसी रास्ते से कई जिलों के श्रद्धालु तांत्रिक शक्तिपीठ तिलडीहा मंदिर आते–जाते हैं, लेकिन सड़क की हालत इतनी खराब है कि पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है.
अतिक्रमण का शिकार है पुरानी बाजार सड़क
स्थानीय लोगों ने सड़क के दोनों ओर पक्का पिंडा, सीढ़ी, पक्के दरवाजे और चबूतरे बना लिए हैं. इन अतिक्रमणों की वजह से सड़क बेहद संकरी हो गई है. चार पहिया वाहन तो चल ही नहीं पाते, दो पहिया वाहनों के लिए भी सड़क पार करना एक बड़ी चुनौती बन गया है. इस कारण मोहल्ले के लोग, छात्र–छात्राएँ, व्यापारियों और दूर–दराज से आने वाले श्रद्धालुओं को रोजाना भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है.
पदाधिकारी नहीं कर रहे हैं सुनवाई
कुछ लोगों का कहना है कि नगर पंचायत तारापुर के पदाधिकारी स्थिति से पूरी तरह वाकिफ हैं, फिर भी वर्षों से कोई कार्रवाई नहीं की गई है. कार्यपालक पदाधिकारी ने अब तक न तो अतिक्रमण हटाया है और न ही अतिक्रमणकारियों पर किसी प्रकार की कार्रवाई की है. कुछ वर्ष पहले जिला प्रशासन ने एसएच–22 मुख्य सड़क से अतिक्रमण हटाया था, लेकिन अब वहाँ भी अतिक्रमण फिर से फैल गया है.
मोहल्ले के कुछ लोगों ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि दबंगों के डर से कोई खुलकर विरोध नहीं कर पाता. उनका कहना है कि यदि अतिक्रमण पूरी तरह हट जाए तो सड़क चौड़ी और साफ हो जाएगी. इससे आम लोगों को राहत मिलेगी और मंदिर, बाजार, स्कूल, कॉलेज, अस्पताल और कोर्ट आने–जाने में आसानी होगी.
लोगों की यही मांग है कि नगर पंचायत तुरंत कार्रवाई कर सड़क को अतिक्रमण मुक्त करे ताकि इलाके में आवागमन सामान्य हो सके.